Friday, April 13, 2007

*****इंतजार******


इंतजार के सिवा कोई चारा नहीं है अब
दिल के धड़कने का कोई सहारा नहीं है अब

सोचा था के मुहब्बत में सुकून पाएंगे हम
एक लम्हा भी खुशी का हमारा नहीं है अब

आदत पड़ी हुई है तेरे जुल्म-ओ-सितम की
तेरा प्यार भी तो हाए, गवारा नहीं है अब


हुए हैं जंग दुनिया में इक प्यार की खातिर
तेरे सिवा दुनिया में कोई प्यारा नहीं है अब

खाए थे कसमें संग वफा की राह में चलने के
तेरे नशेमन से वैसा कोई इशारा नहीं है अब

तेरी राह में गुजरेंगे बाकी बरस जिंदगी के
तेरी याद के सिवा कोई किनारा नहीं है अब

5 comments:

ashish said...

बहुत खूब प्रियंका जी

Priyanka Bajpai said...

Shukkriya
Ashish Ji...........

उनकी नंजरें ही तीर जैसी हैं

क्या गरंज है उन्हें कमानों की।

Raj said...

तेरे आने कि आहट सुनि थि मैने
और फिर तुम'से हुई क्या बात, कुछ याद नहीं
तुम'से मिल'कर जो मैने कुछ गीत लिखे थे
कैसे थे वो नग्में, कुछ याद नहीं
पिछ्ली बारिश मैं झूम के बर'सा था सावन
अब के कैसे गुज'री है बर'सात, कुछ याद नहीं
कुछ खोये से थे तुम, कुछ खोये से थे हम
कैसे गुज'रे वो लम्हें, कुछ याद नहीं
बेखुदि बधं सि गयी जब प्यार हुआ तुम'से
कित'ने मासूम थे वो जज'बात, कुछ याद नहीं
तुम'ने फूलों कि महक दि या काटों कि चुभन
क्या तुम'ने दिया सौगात, कुछ याद नहीं
तुम मिले कब और कब जुदा हो गये
कहाँ तुम'से हुई थि मुलाकात, कुछ याद नहीं

ashish said...

raj bhai ka bhi jawab nahi aur aapne to bahut kamal ki likhi hain do lines

Raj said...

"Kab toot jaaye kasam hi to hai"

Na kabhi muskurahat aapke hoton se dur ho,
Aapki har khwahish hakikat me manzur ho,
Ho jaye jo aap humse khafa,
Khuda na kare humse kabhi aisa kasoor ho…

Kab toot jaaye kasam hi to hai,
Kab badal jaaye nazar hi to hai,
Tu mere saath ki aadat mat daal,
Kab bichad jaaye zindagi hi to hai.

Hum agar mil nahi paate,
Aisa nahi ki aap yaad nahi aate.
Maana jahaan ke sab rishte nibhaye nahi jate
Par jo bas jate hai iss dil mein woh bhulaye nahi jate. ......

Pyar mein wafa ki rahein nahi milti,
Dard mein dava ki panahein nahi milti,
Kuch to hai is muhabat mein,
Varna yun kisi se nigahen nahi milti

Haqeeqat na pooch mere fasane ki
Tere jaate hi badal gayi nazar zamane ki
Log poochte hai ki my khush kyon nahi
Kya kahoon aadat thi tere sang muskurane ki ..